Takes
Lyrics
[verse]
ढोलक की थाप पे कमर मुड़े
तुम्बी की धुन पे कदम बढ़े
गाँव की माटी में रचा-बसा
यही तो है नाच का असली नशा
[verse]
चुनरी उड़े और पायल बजे
हर घूँघट में एक राज़ सजे
लोकगीतों की मीठी तान
इसी में बसा है मेला का गान
[chorus]
घूम-घूम कमरिया मटके
हर चाल में रंग छलके
लोक की धुन पे नाचें हम
यही तो है असली उमंग हम
[chorus]
घूम-घूम कमरिया मुड़े
गाँव की गलियाँ खुशियों से भरें
ढोल बजे और तंबूरा गूँजे
यही है मेले की असली धुन
[verse]
मेले में रौनक छाई है
हर तरफ खुशियाँ लहराई हैं
सजी-धजी सब सहेलियाँ
नाचें साथ मिलकर सारी बालाएँ
[bridge]
सरसों के खेत, नीला अंबर
हर तरफ बसे लोकगीत का सफ़र
यहीं मिले माटी की पहचान
यही है अपनी धरती का गान
[chorus]
घूम-घूम कमरिया मटके
हर चाल में रंग छलके
लोक की धुन पे नाचें हम
यही तो है असली उमंग हम
[chorus]
घूम-घूम कमरिया मुड़े
गाँव की गलियाँ खुशियों से भरें
ढोल बजे और तंबूरा गूँजे
यही है मेले की असली धुन
Model notes (creation log)
**🎵 Total generation time (1 song): 11.99s**
- 11.99s per song
- DiT phase (1 song): 11.99s

**🔧 Total processing time (1 song): 4.02s**
- to MP3 (1 song): 4.02s