Lyrics
[verse]
साजन मेरा रूठ गया है
क्यों बेगाना हो गया है
जो वादे थे साथ निभाने के
वो सारे भूल गया है
[verse]
रात कटे ना नींद ना आए
आंखों में बस आंसू आएं
सूनी सेज पे बैठी सोचूं
कैसे बीते दिन बुलाएं
[chorus]
साजनवा बैरी हो गए हमार
क्यों छोड़ गए मंझधार
इतना प्यार लुटाया जिसपे
वही हुआ बेज़ार
[verse]
पवन चले तो याद दिलाए
पंछी बोले तो दिल तड़पाए
इस विरह की रात अंधेरी
कब सवेरा आए बताए
[chorus]
साजनवा बैरी हो गए हमार
क्यों छोड़ गए मंझधार
इतना प्यार लुटाया जिसपे
वही हुआ बेज़ार
[bridge]
फिर भी आस लगाए बैठी
शायद लौट के तुम आ जाओ
इस टूटे दिल के आंगन में
फिर से दीप जला जाओ